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शनिवार, 27 नवंबर 2021

शब्द दिल का आइना ‌है

 

शब्द ‌‌‌‌‌‌‌दिल  का आईना ‌‌‌‌‌‌‌‌है।

संभल और संभाल कर रखिएगा।


अज्ञानता और ‌अनजाने में वोले शब्द गले का

 जंजाल बन सकते हैं।


शब्द और उन्हें वोलने का तरीका 

आप के चरित्र, 

नैतिकता और व्यक्तिगत जीवन व

 संस्कार, शिक्षा शक्ति को दर्शाता है।


2

शिक्षा से सेवा तक का सफर तय करने के लिए शब्दों के समुद्र को लांघ कर ही सफलता व सुख मिलता है।


वहुत से लोग वोले शब्दों की जिम्मेदारी नहीं लेते और अपनी कावलियत को छोटा कर लेते हैं।


वोलने वाला केवल एक, दो या कुछ हजार को कुछ समय के लिए अच्छा या वुरा कह कर प्रभावित कर सकत है।


जबकि शब्दों को लिखने वाले कवि के शब्द सालों तक पढ़ने वाले को प्रेरित करते हैं जैसे यह व्लाग कई सौ वर्षों तक कहीं न कहीं किसी न किसी के पास रहेगा।


एक एक्सप्रेस ने वताया कि एक वलाग 700 करोड़ लोगों के लिए उपलब्ध है । यानि सारी दुनिया के लोगों के लिए।


यह अलग वात है वह पढ़ या न पढें।


3

अच्छे वड़ाई वाले, प्रशंसा वाले सकरतमा और उत्साह भरे शब्द किसी को मृत शय्या से उठाकर जीवन दे सकते हैं।


जबकि वुरे शब्द किसी को इतना दुखी कर सकते हैं कि सुनने वाले को तनाव, डिप्रैशन या देहांत हो सकता है।


इसलिए शब्द वहुत ही संभल कर वोलने चाहिए।

 शब्द तलवार के घाव से भी अधिक घातक होते हैं।

तलवार के घाव तो कुछ दिनों के इलाज से ठीक हो जाता है परन्तु शब्द नहीं भूलते।

जब इंसान रात को सोता है तो सुने हुए शब्द मन और मस्तिष्क में गूंजते हैं। और उससे घृणा भड़कानेवाला विचारों का संचार होता है। 

इन्हीं विचारों से प्रभावित होकर एैसे कर्म हो जाते हैं जिनकी सज़ा सालों भुगतनी पड़ती है।


इसलिए जुवान का अनुशासन जरूरी है। जुवान का अनुशासन खान पान, रहन सहन, पारिवारिक संस्कार जैसे घटकों पर निर्भर है।


एक सच्चा केस


एक बच्चा अपने मां बाप के साथ वड़ी हंसी ख़ुशी से रहता था।

बच्चा होने के कारण उसे वुरा भला तो पता न था ।


एक दिन उस वच्चे के घर के नजदीक रहने वाले पड़ोसी से उसके पिता की किसी वात पर वहस हो गई। पड़ोसी ने वहुत अपशब्द वोले जो उसका पिता सहन न कर पाया और थोड़े दिनों के बाद उसका पिता स्वर्ग सिधार गया।


20 साल वीत गये और लड़का पढ लिख कर वकील वन गया। 20 साल पहले हुई वहस और पिता के निधन को लेकर पड़ोसी को आजीवन कारावास करवा दिया ‌‌

इसलिए जीवन को सफल बनाने के लिए "वोल चाल की कला सीखें ‌‌। वोलते समय आवाज इतनी उंची हो कि तीसरे को न सुने।"

Silence 😅 is best friend.

कहते हैं एक चुप सौ सुख।


3

एक कैरियर काउंसलिंग करने वाले ने वताया कि हम किसी से 30 सैकंड में  वात करके पता लगा लेते हैं कि इसकी शिक्षा कितनी है, परिवार कैसा है, संस्कार कैसे हैं और यह किस काम के लिए फिट है ‌

‌


















शुक्रवार, 19 नवंबर 2021

Focusing

 What ever 

YOU

Focus 

Upon:


that 

Succeds

Florishes and 

Grows.


But ensure

It is

YOU.


जिस भी तरफ *तुम*

फोकस (ध्यान)

करोगे


उस में

सफलता मिलेगी

वढोतरी होगी

और 

वड़ते

जाओगे


*तुम* का ध्यान जरुरी है







Good, Better, ਬੈਸਟ

 Good   👍

Better

Best👌


Never 😃 allow yourself to rest


Till you become 

Better from Good

and 

Best 😂 from good.


उठो 

जागो

 और

 तब

 तक

 न 

रूको


जब 

तक

मंजिल 

पर

न 

पहुंच

जाओ  



ब्राहमड ‌‌

की

सारी

शक्तियां

आपके 

लिए हैं।


ज्ञानवाणी 

से

सद उपयोग 

करें।



  










गुरुवार, 18 नवंबर 2021

Never 😸 Give up.

 If you quit,

Your critic will say

"I am proved Okay 😁"


Avoid quitting.



यदि अपने सपनों की पूर्ति के लिए 

हार मान कर संघर्ष छोड़ देते 


तो आपका आलोचक कहैगा:

" मैं सच कहता था यह नहीं कर पायेगा,

 सच हुआ न"


इसलिए संघर्ष विराम लेकर चुपचाप जीत की तैयारी कर चुपचाप जीते और आलोचकों के मुंह वंद कर दें।


सुप्रभातम, सुस्वागतम





बुधवार, 17 नवंबर 2021

New Chapter of Life

 Thought of the day.

Don't close the BOOK 😅📚

when bad things happen in your LIFE.



Just turn the page and begin a NEW CHAPTER 😂


जीवन में वुरी घटनाओं  के कारण जीवन रूपी किताब ‌‌‌‌‌वंद न करें ।


केवल कुछ पन्ने ‌व दलिए और नया अध्याय शुरू करिए।




शुक्रवार, 12 नवंबर 2021

New Day

 When the 🌞 sun shines,

Flowers 🌺 bloom, trees feel refreshed, all creation on planet energizes.

Hence, take new day in life as another call 

for working hard 🤠 for your dreams.


If something is difficult, it should not mean that it cannot be accomplished; 

it means its accomplish ment needs more dedication and hard work.


 *.            *.              *,.        *.                 *.

जब  सूर्य की पहली किरण धरती को चूमती है तो धरती पर जल, थल, नभ में एक अजीब सी उर्जा का संचार होता है।

फल, फ़ूल, पक्षी, मानव, वातावरण में नयापन और तरोताजा पन का एहसास होता है।


इसलिए हर नया दिन, नया सूरज का आगमन नये जीवन के समान है 


तो आज पिछ्ले कल की घटनाओं से सबक ले पूरी जानकारी और ऊर्जा से भरपूर हो जीवन यापन करें।


यदि कोई काम कठिन है तो अर्थ "छोड़ दो" नहीं है 

वल्कि उस काम को पूरी ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌  निष्ठा, इमानदारी, लगन से और अधिक ‌परिश्रम करें और ‌‌‌‌‌‌‌‌‌ सफलता आपकी होगी। 100%


यदि ‌‌‌‌‌‌‌पढाई कर रहे हो तो एक विषय की एक किताब को 5 से आठ वार पड़े।


लिख कर दे खे।

वह विषय जीवन भर नहीं भूलेगा।


सुस्वागतम






शुक्रवार, 17 सितंबर 2021

Never STOP 😉 Trying

 


Just because ☺️

Something

Is

Difficult

doesn't 

mean

YOU 

SHOULD

Not

TRY.


It means

YOU

SHOULD

TRY

HARDER 😀


कुछ 

पढ़ना, 

लिखना,

सीखना,

करना

कठिन ‌‌‌‌‌है



तो इसका अर्थ

यह नहीं कि प्रयास (कोशिशें)

  छोड़ 

दी 

जाएं।


इसका अर्थ है 

कि 

प्रयास

 वड़ा 

कर

दोगुना/तिगुना

कर 

दिए

जाएं

व 

प्रयास(कोशिश)

360

डिग्री 

से 

किया 

जाए।


आप को वनाने वाले ने इस दुनिया में उपलब्ध 

सभी संसाधनों के मालिक वनाकर भेजा है ।


प्रयास और युक्तियां का प्रयोग कर आप अपनी मन ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌चाही (अच्छी ‌‌‌‌, वुरी, नैतिक, अनैतिक,  सही या ग़लत) पूरी कर सकते हो। 

परंतु ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌     हमेशा याद रखें


वोय पेड़ वबूल के 

तो आम कहां से खाएं ।










है





शुक्रवार, 6 अगस्त 2021

THIS world .....

 

सुप्रभातम प्यारो।
“THE WORLD IS INCOMPLETE WITHOUT YOU” 
(A beautiful poem by Aru Barzak). 

आप के विना ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌ यह संसार अधूरा है।

2
“The God who made 

the stars, 
the seas, 
the mountains and its peaks,
 the universe and its galaxies felt this world would be incomplete without you and without me.


परमपिता परमात्मा 

जिसने
तारे,
समुद्र 
पहाड़‌और चोटीयां
ब्राहम्णड ‌‌‌‌और गैलेक्सी(सौर मंडल) वनाए

ने सोचा ‌‌‌‌‌‌‌‌कि यह सब आपके और मेरे ‌‌‌‌‌‌‌‌विना अधूरा है।   


3
Do you see
how you are a puzzle piece in the whole—
how without you here,
there would be a hole?

कभी सोचा है
कि आप कैसी पहेली हो?

4

Your body is not just a clay tent that you live in, 
it’s a piece of the universe you have been given.

आपकी ‌‌‌‌‌
वाडी ‌‌‌‌‌‌‌‌केवल 
मिट्टी का पुतला नहीं है।

यह ‌‌‌‌‌‌‌‌आप‌ को   समर्पित ब्राहाम्ड का हिस्सा है।

इसी को गुरु नानक जी कहते हैं
"जैसा पिंडे, तैसा ब्राहाम्डे"

5
  
You are not a small star, 
you are a reflection of the entire cosmos. 

आप एक सितारा नहीं हो वल्कि सारे ब्रह्माण्ड  की रौशनी हो।

6
Can you hear the big bang in your heart? 
अपने दिल में धड़कती दिव्य ध्वनि ‌‌‌‌‌
को सुना?
Eighty times a minute God knocks on the doors of your chest, 
to remind you that He has never left, 
and that 

7

He is closer to you than the jugular vein in your neck.
एक मिनट में परमपिता परमात्मा आपके दिल के दरवाजे पर 80 वार दस्तक देता है।््
आपको याद करवाता है "मैं ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌तुम्हारे साथ हूं  और तुम्हें कभी अकेला ‌‌
नहीं रहने दिया".

वह हमेशा आप के साथ है।

8
Every moment is divinely blessed, 
for this very moment God is blowing the breath of life through eight billion different human chests. 
हर पल परमपिता परमात्मा  की देन है।

गुरु जी कहते हैं:
सो क्यों ‌‌‌‌‌‌‌‌विसरे मेरी माए
जिन इह सब कुछ दिया।  

9

You are not just star dust and dirt,
 you are a reflection of God’s beauty on Earth.

आप चांद तारों  की  कोई धूल नहीं हो।
आप इस धरती पर परमपिता परमात्मा की परछाई हो।
जो उस की शक्तियां हैं, वह आपकी भी हैं।
इसीलिए वेदों ‌‌‌‌‌‌‌‌में वर्णन है:
"अह्म ब्रह्म अस्मि" अर्थात्
मैं ही ब्रह्म हूं।

10

You are not this mortal body that death will one day take. You are an everlasting spirit held in the mortal embrace of clay.

आप केवल स्थूल शरीर ‌‌‌‌‌नही है जिसे एक दिन  मृत्यु  ले जाए गी।
आप तो अमर,
 अज़र सुक्ष्म आत्मा हो,

 जो मानव  रुपी मकड़जाल में
 भवसागर को पार करने के लिए धरती पर जन्म लेती है।


11
You are not a human being meant to be spiritual, 
you are a spiritual being living this human being miracle.” 


           ARU Barzak


आप अध्यात्म मानव‌ वन ‌ कर                          क ्स््
 अध्यात्म ढूंढने नहीं आए,
आप तो स्वयं आध्यात्मिक मानव अचम्बा हो।







हिन्दी ‌‌अनुवाद व प्रस्तुति:

केषप 

Copied from my own email ☺️.

गुरुवार, 5 अगस्त 2021

Value of time

 समय अनमोल है।

एक गांव में एक आलसी व्यक्ति रहता था।


 2

सभी गांव के वुद्वीमान‌ व्यक्ति समय समय पर उसे

 काम धंधा करने के लिए कहते।

परन्तु उस आलस्य भरे व्यक्ति पर कोई प्रभाव नहीं होता।

3

उसकी पत्नी और मां यह देख बहुत दुखी थे।


4

एक दिन उस गांव में संन्यासी महात्मा आए।

गांव की वहु वेटीयां भी महात्मा जी के दर्शन करने गईं।

जब इन महिलाओं ‌‌को पता चला तो बात आलसी की मां और पत्नी तक पहुंची।

5

दोनों ने आपस ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌में विचार विमर्श ‌किया   और दुसरे दिन महात्मा से मिलने गईं।


6

महात्मा से इन सास बहु ने अपना दुख सुनाया । 

महात्मा जी ने सांतभावना दी

 "‌‌‌‌‌‌‌‌मैं‌ आपका दुःख समझ गया हूं।"


7

सास बहू ‌‌घर वापिस आ गईं। 

8

दुसरे दिन महात्मा जी उनके ‌‌‌‌घर आए।‌‌‌‌‌ 

सभी घर पर ही ‌‌‌‌‌‌‌थे।


महात्मा ‌‌‌‌‌‌‌जी के लिए ‌‌‌‌‌‌‌‌साफ़ सुथरा विछौना विछाया गया।


जब महात्मा  जी वैठ चुके,

 तो अपनी पोटली ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌में‌‌ से एक लिफाफा निकाला और ‌

आलसी‌ व्यक्ति को देते हुए कहा 

: यह बीज हैं। 

और ‌‌‌‌यह  अभिमंत्रित ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌खुरपी है। इससे जो भी वोयोगे वह आम खुरपी से 5 गुणा अधिक पैदावार ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌देगा। 

परन्तु मैं यह खुरपी आपके पास  15 दिन के लिए है।" 

9

आलसी व्यक्ति खुशी ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌से फूला नहीं समा रहा था।


10

दुसरे दिन सुबह आलसी की बीवी ने ‌‌ सोते हुए ‌‌‌‌‌आलसी को कहा: 

उठो और ‌‌‌‌‌‌‌‌ खेत में जाकर उस *जादूई खुरपी *से ‌‌‌‌‌बीज वो दो ताकि हमारी गरीबी दूर हो, खाने पीने  के लिए भरपेट खाना मिल सके।"

11

आलसी ने ‌‌‌‌‌‌‌करवट ली और सोते हुए वोला: 

तंग न करो,

 अभी बहुत दिन हैं, 

कल बीज दूंगा।"


इसी तरह से 15 दिन गुजर गए परन्तु आलसी ने कुछ नहीं वोया।

16

आज 16बें दिन महात्मा जी आ गए और अपनी "जादूई खुरपी" वापिस लोटाने

 को कहा।


अब आलसी व्यक्ति महात्मा जी के आगे गिड़गिड़ाने लगा कि "खुरपी"  कुछ और दिन के लिए दे  दी जाए।

परन्तु महात्मा ‌‌‌‌‌‌‌जी न  माने।


अब पछताने से क्या ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌लाभ । 


समय रहते कुछ किया नहीं।



महात्मा ‌‌‌‌‌‌‌‌जी  अपनी ‌"जादूई खुरपी " ले गए।

और

आलसी पछताता रहा।

 शिक्षा:

समय संसार की सबसे वहुमुल्य वस्तु है जिसे दुनिया की कोई धन दौलत खरीद नहीं सकती।

अवसर ‌केवल 

सतर्क, 

सजग, 

जागने वाले व्यक्तियों के लिए होते हैं  

न कि आलसी  नींद के लोभी के लिए।

 

हमारे पास भी वच्चे आते हैं।


 कालिज में अडमिशन  

या वैंक में नौकरी का 

पोर्टल एक महीना खुला रहता है, 


जैसे  ही 30 दिन पूरे होते हैं, 

 पोर्टल वंद,

 वच्चे ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌आएंगे और पूछें गे

 "सर क्या मैं  किसी तरह इस नौकरी  या कोर्स के लिए एप्लिकेशन दे सकता हूं?

हमारा जबाव :

 नहीं, 

 अब अगले साल।


वच्चे निराश हो वापिस चले जाते हैं।


इनसे पूछे कि पोर्टल के खुलते ही पहले 10-15 दिन में एप्लीकेशन क्यों ‌‌‌‌‌‌‌‌नही भरते ।

 एप्लीकेशन पोर्टल खुलते  ही 3-4 वार पढ कर , सभी डाकूमैटस लोड करके भरें। मन की शांति वनी रहेगी और पोर्टल को 3 -4 वार पढ़े, 


तब एप्लीकेशन भरें और दोवारा एप्लीकेशन  को ताकि कोई गलती हो तो उसे ठीक कर सकें।


इससे सफलता के चांस वडते है।


शिक्षा और नौकरी जीवन के ‌‌‌‌‌लिएअति आवश्यक है। 

नहीं तो आलसी व्यक्ति ‌‌‌‌‌‌‌‌की तरह आखरी तारीख का इंतजार करते रहते रहोगे।

वाकि आप जानो।


******

ऐसा न हो:

अब पछताए क्या ‌‌‌‌‌होत है

जब चिड़िया चुग गई खेत। 

  ‌‌्न‌‌्र‌‌्न‌‌्‌‌्न‌‌्र‌‌्न‌‌्‌‌्न‌‌्र‌‌्न‌‌्‌‌्न‌‌्र‌‌्न‌‌्


सोच समझ से सजग रह कर जीवन जिएं।











रविवार, 1 अगस्त 2021

Right 👍 Direction

 लक्ष्य भेदन 


Efforts and courage 😌 are NOT enough without purpose and direction.


- John F Kennedy Jr.


प्रयत्न, मेहनत, हौसला ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌किसी काम का नहीं, यदि‌ लक्ष्य का उद्देश्य और दिशा निश्चित न हो।  - जान‌‌ एफ कैनेडी जूनियर।


शुक्रवार, 30 जुलाई 2021

अवसर/मौक़े

 'O'  

stands for 

 Opportunity.



In yesterday, 

there is no 'O'  means no opportunity because it is gone.


TODAY


In today, 

there is one 'O'

 which means prepare well for tomorrow's opportunities.


In TOMORROW, 

there are 3 O's that means there are plenty of opportunities in future if you prepare well for them TODAY.


अवसर ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌या मौका 

का अंग्रेजी शब्द ‌‌‌‌‌‌‌‌‌।्आपरचुनीटी (OPPORTUNITY) होता है। और इसे  'O' शब्द ‌‌‌‌‌‌‌‌से प्रस्तुत    किया गया है। 

1

वीता कल (Yesterday )

इसमें कोई ‌‌‌‌‌‌‌'O'  नहीं ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌है।


अर्थात् ‌‌‌‌‌वीते ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌ ‌‌‌‌‌हुए "कल" से केवल अनुभव ‌व सीख ली जा सकती है ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌ ‌ कोई ‌  लाभकारी या हितकारी ‌ काम ‌न हीं किया जा सकता। 


2

आज ‌(TODAY)

इसमें ‌‌‌‌‌‌‌केवल एक ही ‌"O" है। यानी ‌‌‌‌‌ आज का दिन भविष्य‌ मे‌ छिपे मौकों ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌की‌‌ तैयारी के लिए ‌‌ है ।

ओलंपिक ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌में‌‌  मैडल जीतने की उम्मीद करने ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌वाले एक दिन तैयारी करके मैडल नहीं जीत सकते।

वह ‌प्र ति ‌‌‌‌‌‌‌‌दिन ‌‌प्रैक्टिस  करते हैं।



आप ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌भी करो,‌ 

तभी‌ सफलता का मैडल ‌‌मिलेगा।


3

आने ‌‌वाला कल (TOMORROW)

अर्थ ‌‌आने वाले ‌‌‌‌‌कल में ‌3 O हैं यानी ‌‌‌‌भविष्य ‌‌‌‌‌‌‌‌मे‌‌ अनंत ‌मौके ‌‌

 हैं।

इनमें ‌‌‌‌‌‌‌‌सफल‌‌ता‌ के लिए तैयारी ‌"आज"  ही ‌‌‌‌‌करे ।


हर रोज़ ‌‌‌‌‌करे।


सफलता ‌‌‌‌‌‌‌आ‌प की।

  




Power of vision II

 दूरदर्शिता की शक्ति -2

1
समय ‌‌‌‌‌‌बीतता गया ।
2
स्वप्ना ‌‌‌सभी‌ जानने ‌‌‌‌‌वालो 
और मां ,
पापा ,
बहन ,
भाई से वार वार 
वार्तालाप में कहती 

"मैं आंटी की तरह अफ़सर वनूंगी।"

3
सभी ‌‌‌‌‌‌‌
जब एक ही शब्द वार 
वार सुनते ‌‌‌‌‌‌‌‌तो 
वातों ही वातों में सवपना का उपहास उड़ाते।

परन्तु ‌‌‌‌‌‌‌‌जब सवपना   उम्र ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌ में छोटी थी  

तब तो उसे   कोई पता ही नहीं चलता कि 

 सामने ‌वाला उसका उपहास उड़ाते हैं।

4
10बीं में पढ़ने लगी 

तब उसे एहसास हुआ कि मेरे सपने /लक्ष्य का मेरे जानकर उपहास उड़ाते हैं।

 5
तब उसने अपने सपने का खुल्लम खुल्ला व्याख्यान करना ‌‌‌‌‌वंद कर   दिया।

और मन ही मन संकल्प किया कि

 "मैं तो आंटी की तरह ही आफिसर वनूंगी, 
चाहे कुछ ‌‌‌‌‌हो जाए।"

उसने अपनी ‌‌‌‌‌‌‌‌टीचर से अपना सपना शेयर किया ‌‌‌‌‌‌‌‌यानि   वताया।

टीचर सुन कर बहुत ‌‌‌‌‌‌‌‌खुश हुई

 और स्वप्ना से कहा : 

आप अपनी ‌पढाई के साथ साथ  सिविल ‌‌‌‌‌‌‌‌र्सवीसज की तैयारी ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌करते‌ जाओ।

केवल ‌‌‌‌एक घंटा रोज़ ‌‌‌‌और  5 साल यानी ‌‌2साल +1, +2 और 3 साल ग्रेजुएशन के और आप IAS, IPS, IFS, IRS etc की 25 से अधिक ‌‌‌‌‌र्सविसज के लिए तैयार ‌‌‌‌‌हो जाओगी ।

6
सवपना सुनो एक और बात, टीचर ‌‌‌‌‌ने कहा:

 भारत के महान वैज्ञानिक ‌और पूर्व ‌‌‌‌‌‌‌‌ राष्ट्रपति डॉ ए ‌‌‌‌‌‌‌‌‌पी‌ जे ‌‌‌‌‌‌‌कलाम   कहते ‌‌‌‌‌‌‌‌थे- 


सपने ‌वह‌ नहीं होते हैं ‌‌‌‌‌‌‌‌ जो रात सोते हुए ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌ वंद आंखों ‌‌‌‌‌‌‌‌से लिए जाते हैं,

 व्लकि सपने वह होते हैं ‌‌‌‌जो खुली आंखों से लिए‌ जाते हैं।

आपका सपना खुली आंखों का सपना है। 

आप अवश्य इसमें सफल होंगी।

7
एक बात ‌‌‌‌और:

जब भी कोई ‌‌‌‌‌‌‌‌काम करो तो सफलता 3  स्तर के बाद मिलती है:

1 
जब अपना लक्ष्य दुसरो को वताओगे, तो सभी  इसका मज़ाक उड़ाते हैं। 

डरो न। 

कोशिशें जारी रखो।

2
 ठिठोली, खिलि उड़ना असफलता 

सफलता की पहली सीढ़ी है। 

असफलता जब सकारत्मक सोच से समझी जाए तो यह ही वुद्वि को प्रखर वनाती है।

असफलताओं से आगे बढ़ो।

3
असफलता परिश्रम और प्रयत्नों से जब सफलता ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌में वदल‌ दोगे तो ‌‌‌‌‌‌‌‌जो आप पर

 हंसते थे,
 खील्लि उड़ाते थे, 

 बही ताली बजाकर स्वागत करेंगे,

 प्रशंसा करेंगे।

8
इसलिए प्रत्येक रुकावट ‌‌‌‌‌‌‌‌ के पत्थर ‌‌‌‌‌‌‌‌या व्यवहार को सफलता के ब्रिज वनाने के लिए ‌प्रयोग करना।   

9
 आज सवपना मन ही मन बहुत खुश थी ‌‌कि उसे अपना‌ लक्ष्य प्राप्ति ‌ के लिए
"  एक गुरु, 
एक‌ मैंटर मिल ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌गई‌ थी"

एक ‌  पढ़ा लिखा, 
अनुभवी, 
दूरदर्शिता से भरा गुरु,
 मैंटर
 सफलता को 10‌गुणा सरल वना देता/देती ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌है ।

आप भी ढूंढे और रखें।

10
स्वपना सुबह सुबह उठती ,

 दिनचर्या से निविरित हो,

 आत्मविश्वास और आत्म वल के लिए अपने इष्ट को प्रार्थना करती।

उसके बाद 
योग आसन और मैडिटेशन (ध्यान ) करती, 
एक्सरसाइज करती,

नाश्ता करती, 
माता-पिता को सादर अभिवादन करके ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌   पढ़ने के लिए स्कूल चली जाती।

11
4 बजे स्कूल से वापिस आती।

स्कूल में खूब हंसती,
 मुस्कुराती और खेलती।

खेलने से शरीर 
स्फूर्ति दायक रहता है, 
निरोगता वढती है, 
वुदद्वि वल वढता है, 
याददाश्त तरोताजा रहती है। 

Body fit, 
mind hit.

12
5   बर्ष वीत गए।
 सवपना ग्रैजुएशन कर  गई।


सवपना ने सिविल सर्विस के पेपर दिए। 

परन्तु उत्तीर्ण न हो पाई।

सवपना वहुत उदास और निराश ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌मन से अपनी गुरु गाईड के पास     गई ।

गाईड वोली: 

 यह तो  सीखने ‌‌‌‌‌‌‌‌ के लिए ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌इम्तिहान ‌‌‌‌‌‌‌‌था। 

अगली ‌‌‌‌‌वार आप 100% सिविल सर्विस कलीयर कर जाओगे।

सवपना के मन को ढांढस आई।


*****
मैंटर ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌ ने और कहा: 

जितना 
अफसोस ‌क रना है,
 उदास होना है,‌‌‌‌‌‌‌‌ 
निराश ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌होना है,‌‌‌‌‌‌‌।
 केवल 24 घंटे,


उसके बाद ‌अ गली पढ़ाई शुरू।
कोई ‌समय अफसोस में वरवाद न करें।
निराशा ‌‌‌‌‌‌‌‌को अपने पर हाबी ‌‌‌‌‌‌‌होने दें।
 जो ‌‌‌‌‌‌‌‌‌। बीत गया उसकी ‌ क्या सोचना, व्यर्थ ‌‌ मानसिक    उर्जा और समय की बरबादी ््

समय दुनिया ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌ की सबसे महत्वपूर्ण वस्तु है 

जिसे कोई ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌राज़ा महाराज ‌‌‌‌‌‌‌ भी नहीं ‌‌‌‌‌‌‌‌खरीद सकता ।

जो समय का दुरपयोग ‌करता है उसे ‌‌‌‌‌समय बरवाद कर देता है।

13
सवपना ने अपने ‌‌‌‌‌‌‌‌मैटर की बात मान कर चंचल मन पर काबू ‌‌‌‌‌‌‌‌पाया और अगले ‌‌‌‌बर्ष होने ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌        वाली परिक्षा की तैयारी ‌‌‌‌‌‌‌‌शुरू कर दी।

14

 एक ‌‌‌‌‌‌‌‌‌बर्ष वाद स्वप्ना सिविल सर्विस ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌की परिक्षा पास कर गई।

सबसे पहले सफलता का समाचार देने अपनी  मार्गदर्शन करने ‌‌‌‌‌‌‌‌वाली "मैटर"  के  पास गई।

मैंटर ने आलिंगन  किया, मुंह मीठा कराया ‌और आशिर्वाद दिया। 

घर में मां पापा बहन ‌‌‌‌ भाई ने ्खुशियों से सफलता का परचम लहराया


15
एक साल वाद ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌ईंटर  विउ और पर्सनलटी टैस्ट पास कर सवपना फुल फलैजड आंटी जैसी आफिसर वन चुकी थी।

अब सवपना की उम्र 25 बर्ष थी। 

अर्थात् सवपना ने ‌‌18 बर्ष  अपनी आंखों ‌‌‌‌‌‌‌‌को खुला रख कर    अपना लक्ष्य पूरा ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌किया।

16
वरसातों के दिन थे।

 पिताजी खेतों में काम ‌‌कर रहे थे।

तभी वहां  दो कारें ‌आ
कर   खडी हुई।

पहली कार ‌‌‌‌‌‌‌‌में से एक महिला आफिसर  उतरी।

दुसरी कार ‌‌‌‌‌‌‌‌ में से कुछ पुरूष उतरे।

खेतों ‌‌‌‌‌‌खलिहानों ‌  मैं काम करने वालों ने ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌सोचा कि एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी  से आफिसर आए हैं।

परन्तु यह क्या ‌‌‌‌‌? 

यह   तो सवपना उनकी अपनी वेटी थी और  उसके सुरक्षाकर्मी थे।

तभी एक किसान भाग कर गया और ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌सवपना के पिता जी को बुला कर ‌‌लाया। 

जब पापा आए तो सवपना ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌  को आफिसर के रूप में देखा तो आंखों में से खुशी के आंसू टपक ‌    पडे।  

पापा को 18 बर्ष  पहले का दृश्य याद आ गया जव‌ 7‌ बर्ष की सवपना ने कहा ‌‌‌‌‌ था 

" पापा मैं भी आंटी की तरह आफिसर वनूंगी" 

आज सच कर दिखाया।

सपने  खुली आंखों से ‌ लो।
सपने ‌‌‌‌‌‌‌‌‌अच्छे लो, 
जो आपको, आपके परिवार को, आपके समाज, देश , संसार को लाभकारी हो।

विध्वंसकारी
 ‌सपनो से न‌  प्रभावित हों 
और परहेज करें।


सपने लिख कर लो। 
गाइड रखो। 
प्रेयर ‌  करो। 

प्रयोग करो,
 प्रयत्न करो, 

डरो नहीं, 
घवराओ नहीं। 

अंततः 
सफलता आपकी है।

शुभकामनाएं ‌।









 



बुधवार, 28 जुलाई 2021

Self worth

  आप ‌‌‌‌‌के  पास  क्या ‌‌‌‌‌‌‌

है?


यह महत्वपूर्ण नहीं।


आप ‌क्या ‌है ?


यह महत्वपूर्ण ‌‌‌‌‌है।

- डा राधाकृष्णनन 


सेहतनामा

1

अधिकतर ‌‌‌‌‌लोग केवल खाने के ‌‌‌‌‌‌‌‌चटकारे ‌‌‌‌‌‌‌‌लेते हैं। 

  पोष्टिक है या नहीं इसका कोई ध्यान नहीं देते।

जब विमार होते हैं तो चाहते डाक्टर की एक दवाई ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌की खुराक ठीक कर ‌‌‌‌‌‌‌‌दे।


असंभव!

 और ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌फिर ‌डाक्टर ‌  को कोसना ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌शुरू।


खाना ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌इतना‌  महत्वपूर्ण ‌‌‌‌‌‌नहीं ‌‌है जितना ‌‌खाया हुआ ‌पचाना ।

मैं आयूरवैदिक‌ डाक्टर ‌‌‌‌‌‌‌‌की सलाह ‌पर 2 चुटकी त्रिफला हर ‌‌‌‌

खाने ‌‌‌‌‌‌‌‌क। वाद लेता हूं।

डाक्टर ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌ कहते ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌हैं," त्रिफला चूर्ण" अमृत है।‌ 164  से ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌अधिक ‌इसक शरीर ‌को लाभ हैं।

डाक्टर ‌‌‌‌‌‌‌‌से ‌सलाह करके ‌इ स अमृत का लाभ उठाएं। 


Candle loses no light by burning other candles.

Therefore, share with others what you know.







भूतपूर्व भारतीय राष्ट्रीय ‌।


।


Power of vision

दूरदर्शिता ‌‌‌‌‌‌की‌ शक्ति 

1

 स्वपना वचपन में बहुत ही चुलवली ‌‌व हंस मुख लड़की ‌‌‌‌‌थी।

2

अपने पिता ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌के साथ ‌‌‌‌‌खेत में  हाथ ‌‌‌‌‌‌‌  वंटाती थी ।

 पिताजी ने खेत वटाई पर लिया हुआ था।

3

वड़ी हुई तो ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌स्कूल जाने ‌लगी ।

4

स्वपना ‌‌‌‌‌का  स्कूल में बहुत मन लगता था क्योंकि साथी वच्चे खेलते ‌‌‌‌और  बहुत हंसाते थे।

5

एक दिन 7 साल की उम्र ‌‌‌‌‌‌‌‌में ‌‌‌‌‌स्कूल से आने के ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌बाद स्वपना अपने पिता ‌‌‌‌को‌ खेतों में ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌ खाना लेकर ‌‌‌‌‌‌‌‌गई।

6

उसने ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌ देखा कि ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌ उसके पिता कई दूसरे ‌‌‌‌‌‌‌‌ किसानों के साथ एक वृक्ष ‌‌‌‌‌‌‌‌‌ के नीचे ‌‌‌‌‌वैठै हैं और एक साहिब उन्हें कुछ समझा रहे हैं।

साथ एक कार ‌‌‌‌‌‌‌‌  खड़ी है।

7

साहिब ‌‌‌‌‌‌‌‌के साथ एक महिला आफिसर और 3 और सहायक आफिसर थे।

8

जब स्वप्ना वहां पहुंची तो पिता ने ‌‌‌‌‌अंगुली के ‌‌‌‌‌इशारे से स्वप्ना ‌‌‌‌‌को शांत रहने के लिए कहा।

  

 ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌9

स्वपना                ्ना््ना्ना््न्ना््ना्ना्

 ने ‌‌‌‌‌‌ वैसा ही किया।

9

महिला आफिसर ‌‌‌‌‌ने‌ स्वपना से पूछा कि  वड़े होकर क्या ‌वनोगी वेटी?

पता नहीं आंटी जी।

10

आप वड़े हो कर मेरे से भी  वड़ी आफिसर ‌वनना।

11

स्वपना ने ‌‌‌‌‌सिर हिला कर "हां" आंटी जी कह दिया।

12

स्वपना बहुत  ‌‌‌‌खुश थी।

13

पापा से वोली : 

पापा मैं आंटी से वड़ी आफिसर वनूंगी।

 पापा ने वुझे ‌‌‌‌मन से वच्चे का मन रखने ‌‌‌‌‌‌‌‌के लिए ‌कहा : 

जरूर ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌   वेटी।



परंतु ‌‌‌‌मन ही ‌‌‌‌मन सोच ‌‌‌‌रहा था,

 

हम इतने ‌‌‌‌‌‌‌‌गरीब‌ ्,‌‌‌‌‌दो जून रोटी बड़ी ‌‌कठिनाई से ‌‌‌‌‌जुटा‌ पाता 

हूं, 


आफिसर ‌‌‌‌‌कै‌से‌ वना पाउंगा?

14

स्वपना‌ घर‌ वापिस ‌‌‌‌‌‌‌आई‌ और‌ मां

से लिपट ‌‌‌‌कर  वोली:


 मां मैं आंटी ‌‌‌‌‌‌‌से भी वड़ी आफिसर ‌‌‌‌‌‌‌‌वनूंगी।

15

मां को कुछ ‌‌‌समझ‌ न आया: कौन सी ‌‌‌‌‌‌‌‌आंटी,

 कौनसा आफिसर।

परन्तु उसने वच्चे

 से जान छुड़ाने ‌‌‌‌‌‌‌‌‌ के लिए कहा: 

"हां वन जाना"।


To be continued...

अभी ‌‌‌‌‌‌‌‌वाकी है......

जो स्वयं लीडर, वह किसी के कहे विना‌ दिमाग ‌से, शरीर ‌‌‌‌‌‌‌‌से काम करते ‌‌‌‌‌हैं।

वह ‌स फलता। और ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌विफलता की ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌   जिम्मेदारी ‌‌‌‌ स्वयं लेते ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌हैं।

केवल करते ‌‌‌‌‌हैं।


सोमवार, 26 जुलाई 2021

Pressures of life

 



Oh!
 what a tought and difficult time.

If pressures of life are crushing you, think of crushed flowers 🌹.

Those crushed flowers 🌺 produce BEST perfumes and essences.

ओह!
जिंदगी ‌‌‌‌‌‌कितनी‌ कठिनाइयों भरी है, मुश्किलें ‌‌‌‌‌‌‌‌ही मुश्किलें ‌‌ है।
2
मैं ‌‌‌‌‌तो जीवन के वोझ तले पिस पिस कर चूर चूर हो गया हूं या हो गई ‌ हूं   ‌ ।
3
तो उन ‌फूलों के  वारे में सोचें जो पिस पिस कर चूर चूर होने के बाद दुनिया को परफ्यूम और इसैंस वन कर खुशबू देते ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌हैं



4
इसी प्रकार हमारा जीवन भी पिस पिस कर चूर ‌‌‌‌‌‌‌चूर यानी लम्बे ‌‌‌गहन‌‌ संघर्ष के बाद मन चाही खुशवु ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌देता है।

सुप्रभातम

प्रो  केषप

Note: Copied from my own email. Originally, it was written there. 

रविवार, 25 जुलाई 2021

मोटिवेशन

 Motivation 


वड़ी दिवारों से ही 

वड़े किले का और ‌‌‌दरवाजा ‌‌‌‌‌‌‌‌‌निकलता है।


जितना ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌संघर्ष‌  वड़ा और ‌

कठिन होगा ‌‌‌‌‌

जीत का सुख भी ‌‌‌‌‌‌उतना वड़ा होगा।


मंजिल उतनी ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌सुहावनी   होगी।


संघर्षों से केवल स्व अनुशासन, स्व ‌‌सुधार से  ही जीता ‌‌‌‌‌‌‌‌जा सकता है।


Regular self improvement 🤣 😜 

is foundation of FREE Will that brings success and freedom to the doer.


Guidance शिक्षा मार्गदर्शन

 Guidance 

शिक्षा मार्गदर्शन


बहुत से इंसानों अौर ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌माता पिता के लिए वच्चो की पढ़ाई ‌‌‌‌‌‌‌‌ लिखाई ‌एक  बहुत ‌‌बढ़ा बोझ लगती है।

 जबकि एक पढ़ाई लिखाई  ही दुनिया ‌‌‌‌‌‌‌‌में #1 सभी सुविधाएं देने वाली ‌‌ है ।

2

क्योंकि ‌‌‌‌‌‌‌पढाई लिखाई ‌‌‌‌‌‌ गहन और गहरी सोच देती है, 

संस्कार, संस्कृति को बढ़ावा देती है।

समुद्र बहुत विशाल होता है कुआं बहुत संकीर्ण होता है।

 परन्तु पीने के लिए कुएं के जल का उपयोग होता है न कि समुद्री जल का।


इसी तरह पढ़ाई-लिखई 

धनवल, 

शारिरिक वल, 

शक्ति वल

 पर भारी पड़ जाती है।


कैसे ?

3

दो दोस्त वचपन ‌‌‌‌‌‌‌‌मे इकठे स्कूल ‌‌‌‌‌‌‌‌जाते थे।

हम इनका कालपनिक नाम    स्वतन्त्र अौर सोज्नय रख लेते हैं।

स्वतंत्र के पिता विजनैस करते थे  और सौजंन्य के पिता एक आफिस में काम किया ‌‌‌करते ‌‌‌‌‌थे।

4

जैसी संगति वैसी रंगत।

स्वतंत्र हमेशा ‌पैसे ‌‌‌‌‌‌‌‌की ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌वातें करता।     

और सोजंय को नीचा दिखाता रहता।

5

दिन बीतते गए। 

स्वतंत्र ने 12 तक पढ़ाई  की और अपने ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌ पिताजी के   साथ ‌‌‌‌‌‌‌‌व्यवसाय करने लगा।

सोजन्य ने ‌‌‌‌‌M.   Sc की और ओफिसर लग गया।

6

15  साल वाद सोजन्य ने ‌‌अपना घर वैकं से कर्ज लेकर वनाया।

उसने ‌अपने सभी वचपन के दोस्तों को आमंत्रित किया । 

स्वतंत्र को भी।


स्वतंत्र ‌‌‌‌‌आया तो सही  परंतु घर कितना ‌‌योजनावद् तरीके से और सूदंर वना है देख कर अचम्बा ‌‌‌‌रह गया 

और मन ही मन जल भुन गया कि मेरे से पैंसिल पैन ‌‌‌‌‌‌‌उधार ले कर पढ़ने वाला इतने अच्छे जीवन और मकान का मालिक कैसे वन गया।

मन ही मन सोचा कि मेरे पास इतना पैसा है, 

मैं इससे वेहतर घर वनाऊंगा।


यही सोचकर उसने सोजंय से उस मिस्त्री का पता ले लिया

 और सोजंय के घर से आने के वाद पहला काम जो किया वह था 

"मिस्त्री को ढूंढना"

मिस्त्री ढूंढने के वाद, 

मकान वनाना शुरू।

7

स्वतंत्र जब सुबह अपने विजनैस पर जाता तो, 

मिस्त्री से पूछताछ करके जाता  कि आज कितना और क्या काम होगा?

8

संध्या को फिर आता और पूरी पूछताछ करता कि कितना काम हुआ है और काम कब समाप्त होगा।

9

पैसा है परन्तु ज्ञान और धीरज नहीं है।

पैसे से सामान यानी

 सिमेंट, 

ईंटे, 

रेत खरीद सकते हो

 परन्तु मिस्त्री की क्रियेटिव कला तो नहीं। 

10

कुछ ‌‌‌ वनाना और कुछ सही, उपयोगी और अच्छा ‌‌‌वनाने में बहुत अंतर है।

स्वतंत्र की रोज रोज की किच-किच 

और दख़ल अंदाजी से तंग आकर ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌मिस्त्री 

और उसकी टीम भाग खड़  हुई, 


जो वकाया था बह भी  छोड़ गई।,,


सहनशीलता ‌‌‌‌‌‌‌ गुणवत्ता को जन्म देती है 

जो आमतौर पर गहन प्रशिक्षण और पढ़ाई-लिखई  से प्राप्त होती है।

Education is a better guard of Liberty than standing army.

अब स्वतंत्र अपने घर को आधा अधुरा देख कर दुखी जीवन जी रहा है।

दोस्तों और रिश्तेदारों ‌‌‌‌‌‌‌‌केतंज अलग से सहन करता है।  


11

यह है केवल पैसा कमाना लक्ष्य

 या 

शिक्षा के वीच फैसला लेना।

 शिक्षा जीवन को गुणवत्ता देती है।

12

शिक्षा प्राप्त करने की उम्र की कोई सीमा नहीं है। 

79 साल के पटना ‌‌‌‌‌‌‌‌के विनोद ‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌‌ जी IGNOU से  Ph D     कर रहे हैं। 

मेरा शत शत नमन।


 

Guidance for B Tech student

 Whether it is B.Tech, M.Tech or MBA/Ph D, 

just ignite the fire 🔥 of learning in the mind of your kid and trust that child can do it.

2

This is how a professor guided his kids

 and both are enjoying: 

daughter MBA with 72% marks

 and son

 B.Tech CSE with 68% marks and

 was National player of volleyball.

*"**"*

Yes 🤣 child will do it if parents and elders keep self control and  stop interference and asking uncessary accountability for the performance.


#USE POWER of APPRECIATION

 and postive encouraging words.#



Now: 

The dialogue between father and MBA daughter 

F= 

Dear daughter, 

you are very intelligent, I know. 

I don't care what your mom, grandmother or people say about you.

I know you are brilliant and my diamond.


D=

Papa really and hugs ❤️ her papa tightly. 

But papa, mummy and grandmother keep cursing and nagging me.


F= Are they B.Sc, dear?

D= No papa. 

They judge and react with outer physical eyes. They feel inferior to you. 

You are the gem of World brains.

Do you know, 

B.Sc, MBA are #1 brains?


D= 

Is it really papa?

F =

Yes, really. 

Now listen well.

For MBA you need to clear entrance test like MAT, XAT, CAT and more you can google.

I suggest MAT.

 Because it is conducted 4 times in a year where as all others are conducted once a year.

After clearing the test,

 clear interview and you join residential MBA.


For 4 semesters,

 you are in the hostel.

Full freedom, 

no interference of anyone,

 neither mine's nor your mom or grandmother.

After 2 years, 

you will be B.Sc, 

MBA and plenty of jobs will be in your kitty.



D=

But papa, how will you manage fee  in lacs?


F= 

No need to worry dear. 

Education loan from  bank upto 4 lac is without any guarantee and I am eligible..

Your responsibility is to get through the Entrance test.

Will you do?


D=

Quite elated said: 

yes papa and hugged tightly.


F=

Then paying fee is my responsibility.

Daughter cleared test..

 Joined MBA in South Indian autonomous college by depositing 20000 (twenty thousand).

Total expenditure was Rs 3.90 lacs and she became perfect in English language much appreciated in North India.

Receipt was given to bank and bank gave education loan to the student.


No burden on parents. 

 B. Sc qualification maximum salary 25000 in life 😉.

B Sc, MBA qualification - starting package 5 lac i.e 40000+ per month.

Isn't it better than spending lavishly on marriage?

Daughter empowered for life!


NOW story of B Tech 😃 CSE son.


F=

Clear AAAE test and choose the college of your choice.

Getting you admitted and paying fees is my job.

Son=

Ok 👌 papa. 

Done.


He did it. 


None knew where the son was studying. 

 Relatives, negative thinkers like auntie uncle were avoided. 

If the son did not get good marks, he was not scolded or reprimanded rather @ENCOURAGING attitude was shown and he performed better next time.


Discouraging comments were avoided.

For full 1 and half year,

 son searched and applied for jobs and is now Manager (Operations) in a renowned MNC.


This is how without money 💰 I got my two kids educated and they are well settled, professor said proudly.


YES,

 I didn't allow any nagging person to call my kids. 

Many unbearable comments from relatives and friends but kids were kept away from those negative thinkers who themselves know nothing but keep giving irrelevant sermons.

I have to live life with kids 😭 or relatives?

*     Full freedom, 

full TRUST,

 *no comments, no NEGATIVE comments

no interference till the kids remained busy for study in hostels .

 * No force for marks. 

Quite free will.


THIS is now going to  pay whole of life 🤣.

Closes professor.

What a good guidance, sir, I said.







शनिवार, 24 जुलाई 2021

LUCK

 L= Labour, hard labour, smart labour.


U = Under।


C = Correct


K 😶=Knowledge


L+U+C+K = LUCK


Pure luck I.e. fatalism or hard work 🤠 ? 


Choice lies with you 🤣.


सफलता मेहनत से मिलती ‌‌‌‌‌

किस्मत की आजमाइश जुए में   की जाती है।


योग अपनाएं   

 निरोगता पाएं।

है

शुक्रवार, 23 जुलाई 2021

Budgeting

 A debt problem,

at its core,

is 

a 

budgeting 

problem.

=====Natalie Pace


कर्ज होना एक वजट की समस्या है।


अधिकतर परिवार वजट न वना कर , विना सोचे ‌‌‌‌‌‌‌सम झे दिखावे के लिए खर्च करते हैं और कर्ज के जाल में फंसे रहते हैं।


अति होने पर आत्म हत्या तक कर लेते हैं।


दिखावे ‌‌‌‌‌से वचें।

 जो आवश्यक हो वही खरीद करें।  


जीवन ‌‌सुखी रहेगा।

उधार का‌ अर्थ है ‌‌गुलामी ।


कभी जरूरत ‌‌ है तो ‌‌‌‌‌‌‌कर्ज‌‌ लें परंतु ‌‌‌‌‌‌‌‌फिजूलखर्ची और दिखावा वंद करके अति शीघ्र वापिस करें ताकि ‌आप  स्वतंत्रता से जी सकें।

क्रेडिट कार्ड भी ‌कर्ज है।