बहुत अचम्बा होता है
जब जानने वाले/घर वाले पूछते हैं:
* क्यों प्रोफेसर साहिब इस व्लागिंग से कुछमिलता भी है या टाईम पास है*
प्रोफेसर साहब कहते हैं :
ज्ञान दान सबसे बडा दान है ।
जब आज से 10/12 साल पहले व्लागिंग शुरू की थी तो गूगल ने फोन करके
कहा था कि 55 करोड़ भारत वासी हिन्दी पडते हैं। आप उनको अपना ज्ञान शेयर करके *भला* करो।
भला करने से *लाभ* मिलता है।
भला का उल्टा लाभ ही होता है।
आज यह 1465 वलाग है अौर । प्रोफेसर साहब की लिखने की स्किल भी तो वडी है ।
यह कितना वडा परोक्ष लाभ है।
हर काम*लाभकारी* होने । के नहीं करते, किसी का *भला* करोगे तो *ब्राहमण्ड * आपको मनचाहा फल देता है।
प्ररेक प्रसंग
1
वस मे एक भिखारी ने हाथ फ
फैलाया और रुआंसी आवाज मे वोला :
साहब उपर वाले के नाम पर कुछ दे दो।
2
वस मे वैठे जैंटलमैन ने कहा :
हमेशा मांगते ही रहते होया कभी किसी को कुछ देते भी हो।
"मैं भिखारी भला किसी को क्या दे सकता हूं "
3
दे सकते हो:
" मुस्कुराहट। मुस्करा कर मांगो"
और जैंटलमैन ने उसे खुश हो कर भीख दे दी।
4
अब भिखारी का दिमाग लेने
(स्वार्थी सोच) की वजाए,
देने (दानी सोच) पर सोचने लगा।
5
उस भिखारी ने देखा जहां बह भीख मांगता है बहां ही नजदीक बहुत सुंदर सुंदर फूल खिले हुए हैं।
6
उस भिखारी के दिमाग में आइडिया आया ,: क्यों न भीख मांगने से पहले, एक फूल दिया जाए?
7
उस भिखारी ने दुसरे दिन 10/15 फूल तोड़े और हाथ में ले कर वस । वस । में चढ़ कर पहले । फूल देता और तव भीख मांगता।
अब जैंटलमैन के पास पहुंचा:
स्माइल दी,
फूल दिया
और
जैंटलमैन
ने
आज
दुगनी
भीख
दी।
8
भिखारी ने देखा कि "फूल• देने से भीख
दोगनी,
तिगुनी हो गई है ।
दिन वीतते चले गए ।
9
अब हुआ यूं कि जैंटलमैन वस में चढा और वैठने के लिए सीट ढूंढने लगा ।
एक सीट खाली मिली ।
वहां एक टाई सूट वूट पहने विजनैस मैन सा लगने वाला जवान वैठा था।
जैन्टलमैन ने वडे अदव से । पूछा: महाशय, क्या मैं इस सीट पर वैठ सकता हूं?
भिखारी से वने विजनैसमैन ने कहा" क्यों नही । जरूर।"
जैंटलमैन वैठ गया।
वह वार वार
साथ वैठे जैंटलमैन को देखे जा रहा था।
*****
तभी अक्समात वोला;
लगता है मैंने आपको कहीं देखा है।
10
भिखारी से विजनैसमैन वने व्यक्ति मुस्करा कर कहा:
जी हां हम पहले भी हम दो वार मिल चुके हैं।
यह हमारी तीसरी मुलाकात है।
पहली वार:
आप ने सलाह दी कि हमेशा मांगा ही न करो व्लकि कुछ दिया भी करो।
दुसरी वार:
जव मैंने आप को भीख के बदले फूल दिया। भीख बढ़ती गई।
अब मै पैसा क्या करता?
मैंने विजनैस कर लिया और अब विजनैसमैन हूं।
आपके । सुझाव के लिए बहुत बहुत शुक्रिया जी।
जैंटलमैन तो स्तब्ध रह गया और उसने विजनैस मैन से बड़े गर्म जोशी से हाथ मिलाया।
,This is the wonder of giving smile/charity/help or sharing knowledge or suggestions.
थी तो