शब्द दिल का आईना है।
संभल और संभाल कर रखिएगा।
अज्ञानता और अनजाने में वोले शब्द गले का
जंजाल बन सकते हैं।
शब्द और उन्हें वोलने का तरीका
आप के चरित्र,
नैतिकता और व्यक्तिगत जीवन व
संस्कार, शिक्षा शक्ति को दर्शाता है।
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शिक्षा से सेवा तक का सफर तय करने के लिए शब्दों के समुद्र को लांघ कर ही सफलता व सुख मिलता है।
वहुत से लोग वोले शब्दों की जिम्मेदारी नहीं लेते और अपनी कावलियत को छोटा कर लेते हैं।
वोलने वाला केवल एक, दो या कुछ हजार को कुछ समय के लिए अच्छा या वुरा कह कर प्रभावित कर सकत है।
जबकि शब्दों को लिखने वाले कवि के शब्द सालों तक पढ़ने वाले को प्रेरित करते हैं जैसे यह व्लाग कई सौ वर्षों तक कहीं न कहीं किसी न किसी के पास रहेगा।
एक एक्सप्रेस ने वताया कि एक वलाग 700 करोड़ लोगों के लिए उपलब्ध है । यानि सारी दुनिया के लोगों के लिए।
यह अलग वात है वह पढ़ या न पढें।
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अच्छे वड़ाई वाले, प्रशंसा वाले सकरतमा और उत्साह भरे शब्द किसी को मृत शय्या से उठाकर जीवन दे सकते हैं।
जबकि वुरे शब्द किसी को इतना दुखी कर सकते हैं कि सुनने वाले को तनाव, डिप्रैशन या देहांत हो सकता है।
इसलिए शब्द वहुत ही संभल कर वोलने चाहिए।
शब्द तलवार के घाव से भी अधिक घातक होते हैं।
तलवार के घाव तो कुछ दिनों के इलाज से ठीक हो जाता है परन्तु शब्द नहीं भूलते।
जब इंसान रात को सोता है तो सुने हुए शब्द मन और मस्तिष्क में गूंजते हैं। और उससे घृणा भड़कानेवाला विचारों का संचार होता है।
इन्हीं विचारों से प्रभावित होकर एैसे कर्म हो जाते हैं जिनकी सज़ा सालों भुगतनी पड़ती है।
इसलिए जुवान का अनुशासन जरूरी है। जुवान का अनुशासन खान पान, रहन सहन, पारिवारिक संस्कार जैसे घटकों पर निर्भर है।
एक सच्चा केस
एक बच्चा अपने मां बाप के साथ वड़ी हंसी ख़ुशी से रहता था।
बच्चा होने के कारण उसे वुरा भला तो पता न था ।
एक दिन उस वच्चे के घर के नजदीक रहने वाले पड़ोसी से उसके पिता की किसी वात पर वहस हो गई। पड़ोसी ने वहुत अपशब्द वोले जो उसका पिता सहन न कर पाया और थोड़े दिनों के बाद उसका पिता स्वर्ग सिधार गया।
20 साल वीत गये और लड़का पढ लिख कर वकील वन गया। 20 साल पहले हुई वहस और पिता के निधन को लेकर पड़ोसी को आजीवन कारावास करवा दिया
इसलिए जीवन को सफल बनाने के लिए "वोल चाल की कला सीखें । वोलते समय आवाज इतनी उंची हो कि तीसरे को न सुने।"
Silence 😅 is best friend.
कहते हैं एक चुप सौ सुख।
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एक कैरियर काउंसलिंग करने वाले ने वताया कि हम किसी से 30 सैकंड में वात करके पता लगा लेते हैं कि इसकी शिक्षा कितनी है, परिवार कैसा है, संस्कार कैसे हैं और यह किस काम के लिए फिट है
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