Tackling tough troubles, tames and trims our mind to be fit for TOP achievements.
Never fear or fret the troubles.
👍
परेशानियों से कभी घबराना नहीँ।
परेशानियां हमें आगे बढ़ने के लिये तैयार और प्रेरित करती हैं।
देखा है क़भी?
☺️
जब किसी मंज़िल पर पहुंचने के लिये धूप में चलते हैं तो पांब धूप में रुकते नहीँ परंतु छाया यानी बृक्ष की छाया से धूप में चलने के लिये बढ़ते नहीँ।
जीवन में परेशानियां भी ऐसी है।
😢😢
परेशानियां क्या हैं?
उस बिषय का ज्ञान या परिस्थिति का अनुभव कम तो परेशानी , नहीँ तो कोई परेशानी नहीँ।
परेशानी खत्म ,
ज्ञान दे गई या अनुभव सीखा गई।
इसलिये परेशानियों से घबराएँ नहीँ बल्कि मुकाबला करेँ।
जीत आपकी होगी।
उधाहरण:
इनके बारे में एक किताब में पढ़ा:
1
पिता अखबार बेचते थे।
2
गांब में इनका परिवार अखबार बेच गुजारा करता था।
3
जब बच्चा, बच्चा था तो रेल में अखवार आती थी, बच्चा पटरी के साथ साथ भागता था ।
चलती रेल में से अखबार फेंकी जाती और बह बच्चा उस फेंकी अखबार को अपने हाथों में कैच करता ताकि अखबार धरती पर गिर कर फट न जाए।
4
यह बच्चा यह सुनिश्चित करता कि अखबार नीचे न गिरे ताकि फटे न।
नहीँ तो बह अखबार बिकेगी नहीँ औऱ इसके पिता जी नाराज होंगे।
यह आलम था गरीबी का।
5
बच्चा बड़ा हुआ।
पढ़ लिख कर NDA पास करके पायलट बनने का सुपना देखने लगा।
6
परन्तु हमेशा पैसों की कमी आड़े आती।
इस बार भी यही हुआ।
7
पढ़ा है किताब में
एक शादी शुदा बहन ने अपने गहने बेच बच्चे को NDA के लिये देहरादून भेज दिया।
8
इस बच्चे को पूरा यकीन था कि NDA में सिलेक्शन हो ही जाएगी।
9
परन्तु रिजल्ट आया और रिजेक्ट हो गए
बहुत परेशान ।
अब पैसे भी नहीँ, घर बापिस कैसे जायें, बहन के पैसे कैसे दें।
लक्ष्मण झूला (हरिद्वार) में परेशान गंगा मां के जल को घूर रहा है यह बच्चा।
तभी उनके नजदीक एक स्वामीजी आये और उन्हों ने परेशानी का सबब पूछा।
बच्चे ने सारी आप बीती और सारा हाल बताया।
मायूस बच्चा बोला
* अब मेरे पास घर जाने के लिये पैसे नहीँ है।
** रात रहने के लिये जगह नहीँ है ।
*** खाने के लिये भोजन नहीँ है।
भूखा हूँ।
स्वामी जी बच्चे को अपने साथ ले गए और खाना दिया,
रहने के लिये आश्रम में जगह दी,
दूसरे दिन घर बापीसी के लिये धन दिया।
बनाने बाली परम् आत्मा कुछ ठोकरें देती है तो हम दुःखी होते हैं परंतु उस परम आत्मा ने कुछ बड़ा सोचा होता है।
👌
बह बच्चा भारत का मिसाइल मैन बना।
फिर भारत के राष्ट्रपति बना।
कौन है यह बच्चा:
डॉ APJ कलाम साहिब।
💐
जरा सोचो:
यदि NDA में सिलेक्शन हो जाती तो केवल पायलट बन सारी उमर नौकरी करते और
भारतबर्ष मिसाइल मैन और एक अच्छे राष्ट्रपति से बंचित रह जाता।
रिजेक्शन का अर्थ है, अभी तैयारी पूरी नहीं हुई। काबलियत बढ़ायो सब कुछ पायो ।
परेशानियों से घबराओ नहीँ, परेशान न हो,
सोचो और हल निकालो। ज्ञानवानों की प्रेरणा और ज्ञान देने बाली पुस्तकें पढें ।
😢 अच्छी वीडियो भी ज्ञान का अच्छा स्रोत है।
सुने ब देखेँ।
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